क्‍या जीवनसीमा का पूण विकास हो चुका है

क्‍या जीवनसीमा का पूण विकास हो चुका है

चुनौतियां सिद्धांतों का कहना है कि मानव जीवन काल एक सीमा तक पहुंच रहा है, शोधकर्ताओं ने पाया है कि अभी कोई भी प्रमाण नहीं मिला है कि मानव जीवन की सीमा बढ़ना बंद हो गई है। इस बारे में कुछ भी निश्चित नहीं कहा जा सकता है।

पिछले अध्ययनों में शोधकर्ताओं ने निष्कर्ष निकाला है कि मानव उम्र की उच्‍चतम सीमा करीब 115 वर्ष है।

हालांकि, नेचर जर्नल में प्रकाशित हुए नए अध्‍ययन में, एक निष्‍कर्ष निकला था कि ऐसी कोई लिमिट निर्धारित नहीं किया गया है।

कनाडा में मैकगिल यूनिवर्सिटी के साइगफ्रेड हेकीमी जीवविज्ञानियों ने कहा, 'यदि इस तरह की अधिकतम सीमा मौजूद है, तो यह अभी तक हम उस तक पहुंचे या नहीं, इसके बारे में सही से पता नहीं चला है।'

इस बारे में हकीमी का कहना है कि हमें नहीं ज्ञात है कि उम्र सीमा अधिकतम कितनी हो सकती है। हम वर्तमान में अधिकतम आयु और जीवन सीमा का पता लगा सकते हैं ये अधिकतम स्‍तर पर है, इसके बारे में ज्ञात करना मुश्किल है।

यद्यपि कुछ वैज्ञानिक तर्क देते हैं कि जीवन जीने की परिथितियों को प्रौद्योगिकी, चिकित्सा के द्वारा बढ़ाया जा सकता है।

लेकिन ये अधिकतम है या नहीं, इस बारे में जानना बहुत मुश्किल है। ऐसा माना जाता है कि आज से तीन सौ साल पहले लोगों की आयु बहुत कम होती थी, लेकिन अब सुविधाओं और चिकित्‍सा का अभाव था। लेकिन अब औसत आयु 100 हो गई है जो कि आधुनिक सुविधाओं का परिणाम भी हो सकता है।

 

 

 

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