जिबरिश ध्यान विधि

जिबरिश ध्यान विधि

जिबरिश ध्यान विधि प्रयोग में आपको जब्बार बन जाना है। यह एक घंटे का ध्यान है; बीस-बीस मिनट के तीन चरण हैं। सायं तीन से छह बजे के बीच इसे करें।

osho

जिबरिश ध्यान विधि पहला चरण : खुले आकाश के नीचे विश्रामपूर्वक मुद्रा में लेट जाएं और खुली आंख से आकाश में झांकें। किसी बिन्दु-विशेष पर नहीं, बल्कि सम्पूर्ण आकाश में।

 

 

जिबरिश ध्यान विधि दूसरा चरण : अब बैठ जाएं, आंखें खुली रखें और आकाश के सामने जिबरिश में- यानी अर्थहीन, अनाप-शनाप बोलना शुरू करें। बीस मिनट के लिए 'जब्बार-जैसे' बन जाएं- जो भी मन में आए, बोलें, चीखें, चिंघाड़ें, किलकारियां मारें, ठहाके लगाएं- कुछ भी।

 

जिबरिश ध्यान विधि तीसरा चरण : शांत हो जाएं, आंख बन्द कर लें और विश्राम में चले जाएं। अब भीतर के आकाश में- अन्तराकाश में झांकें। बीस मिनट अनाप-शनाप बक चुकने पर आप अपने को इतना शांत और आकाशवत् महसूस करेंगे कि आप कल्पना भी नहीं कर सकते कि आपके भीतर इतना बड़ा आकाश है। इसे अकेले करें।

 

 

 

Vote: 
No votes yet
Meditation Category: 

जवाब विशेषज्ञ से लें

Dr. Popat Sonawane - Orthopaedic Surgeon, ghodnadi-shirur

  • सेक्स कैसे करें
  • सेक्स टाइम कैसे बढ़ाएं
  • लिंग का साइज कैसे बढ़ाएं
  • लिंग को बड़ा लम्बा और मोटा करने के घरेलू उपाय
  • सेक्स की फीलिंग को कैसे बढ़ाए
  • ओरल सेक्स कैसे करें

इस प्रकार सवालों का जवाब विशेषज्ञ से लें

सलाह शुल्क ₹500 है जिसमें आप हर सप्ताह व्हाट्सएप पर बात करके अपनी समस्या को व्यवस्थित तरीके से हल कर सकते हैं

A/c Name: Pradeep Kumar
A/c No: 5547297104
IFSC : kkbk0005321
Bank: Kotak Mahindra Bank

 
1 Start 2 Complete
Files must be less than 2 MB.
Allowed file types: gif jpg jpeg png bmp tif pict txt rtf pdf doc docx.

New Dhyan Updates

ओशो – तुम कौन हो ?
ओशो – ध्यान धन है ।
ओशो डाइनैमिक ध्‍यान
प्रेम की ऊर्जा
करने की बीमारी
शरीर और मन दो अलग चीजें नहीं हैं।
ध्यान : संतुलन ध्यान
ध्यान:: त्राटक ध्यान : ओशो
ध्यान : संयम साधना
ध्यान :: कभी, अचानक ऐसे हो जाएं जैसे नहीं हैं
ओशो जिबरिश ध्यान विधि
ध्यान : सब काल्पनिक है
यही शरीर, बुद्ध: हां, तुम।
हँसने के पाँच फायदे
जीवन परम आनंद हो सकता है, वह इतना ऊब भरा क्यों है?
ध्यान : अपनी श्वास का स्मरण रखें
ओशो गौरीशंकर ध्‍यान
ध्यान : काम ऊर्जा से मुक्ति
क्या आप सिगरेट छोड़ना चाहते हैं।
ओशो – चक्र और नींद
ध्यान : संतुलन ध्यान
व्यस्त लोगों के लिये ध्यान : संतुलन ध्यान
पुनर्जन्‍म की बात
ओशो – अपनी नींद में ध्‍यान कैसे करें
अग्नि पर फ़ोकस करना