ऑटोमोबाइल

ऑटोमोबाइल

ऑटोमोबाइल:कोविड की दूसरी लहर ने पैसेंजर कारों पर लगाया ब्रेक, मारुति, हुंडई, किया, टाटा मोटर्स की बिक्री में 64-72% तक की गिरावट

 

कोरोना की दूसरी लहर ने हर क्षेत्र को बुरी तरह प्रभावित किया, जिसमें ऑटोमोबाइल भी शामिल है। पिछले साल कोरोना की पहली लहर के बाद वाहनों की बिक्री में जो रिकवरी आई थी, वह इस साल मई में पूरी तरह से धुल गई। सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (SIAM) के अनुसार मार्च 2021 में भारत में कोरोना की दूसरी लहर के आने तक पैसेंजर कारों की बिक्री 1.57 लाख पर थी। लेकिन इसके बाद के महीनों में भारी कमी होती चली गई और कारों की बिक्री का आंकड़ा 41,536 के निचले स्तर पर आ गया। यानी कि इसमें 73.54 फीसदी तक की गिरावट आ गई।

पहली लहर में अनलॉक के बाद आई थी तेजी
SIAM के मई 2020 से मई 2021 तक के आंकड़ों के अनुसार कोरोना की पहली लहर के बाद कारों की बिक्री में जबर्दस्त तेजी आई थी। देश में लगे लॉकडाउन के समय यानी कि मई 2020 में 14,460 कारों की बिक्री हुई थी। वहीं, अनलॉक होने के बाद जब मार्केट खुला तो अक्टूबर 2020 तक कारों की सेल का आंकड़ा 1.83 लाख पर पहुंच गया था। इसके बाद फेस्टिव सीजन से लेकर मार्च 2021 तक हर महीने 1.50-1.55 लाख कारों की अच्छी बिक्री हुई।

सभी बड़ी कंपनियों की सेल थमी
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) के डेटा के मुताबिक, मार्च-अप्रैल और मई के दौरान मारुति सुजुकी, हुंडई, टाटा मोटर्स, महिंद्रा एंड महिंद्रा और किआ मोटर्स जैसी शीर्ष कंपनियों की बिक्री बुरी तरह प्रभावित हुई है। मार्केट लीडर कही जाने वाली मारुति सुजुकी की कारों की बिक्री में भी इस दौरान 72 फीसदी की गिरावट आई। वहीं, टाटा मोटर्स की बिक्री में 62 फीसदी, न्यू जनरेशन कार किया की सेल भी 66% नीचे आ गई। इसके अलावा हुंडई में 65% और महिंद्रा की बिक्री में भी 64 फीसदी तक की गिरावट दर्ज की गई।

दूसरी लहर ने कारों की डिमांड पर गहरा असर डाला
सियाम के डायरेक्टर जनरल राजेश मेनन बताते हैं कि भारत में कोरोना की दूसरी लहर के आने के बाद एक के बाद कई राज्यों में लॉकडाउन लगता चला गया। इसके अलावा कई राज्यों में अलग-अलग तरह के प्रतिबंध लगा दिए गए थे। इससे कारों की सेल के साथ उत्पादन पर भी असर हुआ। लॉकडाउन के चलते कई राज्यों में डीलरशिप बंद थी और आर्थिक परेशानियों के चलते डिमांड भी एकदम घट गई। इन्हीं कई कारणों के चलते मार्च से अप्रैल के बीच बिक्री में 10% और अप्रैल से मई के दरमियान 70.58% तक की गिरावट आ गई।

कंपनियां फिर से एक्टिव हो रही हैं
राजेश मेनन के मुताबिक, अभी भी कई जगह लॉकडाउन है और अलग-अलग चरणों में मार्केट के लिए राहत दी जा रही है। तेजी से हो रहा वैक्सीनेशन कोरोना के प्रभाव को नियंत्रित करने में मदद करेगा, जिससे अर्थव्यवस्था के सारे संसाधन खुलने से मार्केट में भी तेजी आने लगेगी और कारों के उत्पादन के साथ बिक्री में भी धीरे-धीरे सुधार आ जाएगा। ऑटोमोबाइल कंपनियां भी अपने स्तर पर एक्टिव हो रही हैं। फैक्ट्रियों में भी प्रोटोकॉल के तहत काम शुरू हो रहा है। इसके साथ ही कंपनियां अपने कर्मचारियों को वैक्सीन लगवा रही हैं। इससे उम्मीद है कि ऑटोमोबाइल सेक्टर भी धीरे-धीरे पटरी पर आ जाएगा।

सेल कम होने से डीलर्स के डिफॉल्टर होने का खतरा
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष विकेश गुलाटी के बताए मुताबिक, भारत में कोरोना की दूसरी लहर घातक थी। देश में ऐसे बहुत कम ही घर थे, जिसे किसी न किसी तरह कोरोना का असर न हुआ हो। शहरी इलाकों के साथ-साथ इस बार ग्रामीण क्षेत्रों में भी कोरोना ने कोहराम मचाया, जिसका असर ऑटोमोबाइल क्षेत्र पर भी पड़ा। कम बिक्री के चलते डीलर्स की आवक पर गंभीर असर हुआ है और इसके चलते वे समय से अपना लोन नहीं चुका सकेंगे, जिससे उनके डिफॉल्टर होने का खतरा है। इसी के चलते हमने प्रधानमंत्री से अपील है कि ऐसे डीलर्स के लोन रिस्ट्रक्चर करने के बदले उन्हें 90 दिनों का मोरेटोरियम पीरियड दिया जाए।

मॉनसून के समय पर आने से उम्मीद बंधी है
विंकेश गुलाटी कहते हैं कि अनलॉक के बाद जून महीने के शुरुआती 9 दिनों में ही कई जगह वाहनों की बिक्री में सुधार देखा जा रहा है। अगर यही सिलसिला जारी रहा तो बिक्री पिछले साल के जून महीने के बराबर रहने की संभावना है। वहीं, भारत में मानसून का आगमन समय पर हो गया है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार पूरे देश में अच्छी बारिश होनी है। इससे ग्राणीण अर्थव्यवस्था को काफी राहत मिलेगी तो साफ है कि इसका फायदा ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री को भी होगा और रिकवरी रेट में सुधार आएगा।

Vote: 
No votes yet

जवाब विशेषज्ञ से लें

Dr. Popat Sonawane - Orthopaedic Surgeon, ghodnadi-shirur

  • सेक्स कैसे करें
  • सेक्स टाइम कैसे बढ़ाएं
  • लिंग का साइज कैसे बढ़ाएं
  • लिंग को बड़ा लम्बा और मोटा करने के घरेलू उपाय
  • सेक्स की फीलिंग को कैसे बढ़ाए
  • ओरल सेक्स कैसे करें

इस प्रकार सवालों का जवाब विशेषज्ञ से लें

सलाह शुल्क ₹500 है जिसमें आप हर सप्ताह व्हाट्सएप पर बात करके अपनी समस्या को व्यवस्थित तरीके से हल कर सकते हैं

A/c Name: Pradeep Kumar
A/c No: 5547297104
IFSC : kkbk0005321
Bank: Kotak Mahindra Bank

 
1 Start 2 Complete
Files must be less than 2 MB.
Allowed file types: gif jpg jpeg png bmp tif pict txt rtf pdf doc docx.